दर्द पर दोहे- मदन सिंह शेखावत ढोढसर
doha

दर्द पर दोहे- मदन सिंह शेखावत ढोढसर

दर्द पर दोहे   दर्द किसी को दे नही ,हे  जग  के करतार। दर्द देखा जाय नही ,किससे करू पुकार ।।1   दीन दुखी सब खुश हो, पीड़ा किसे न…

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गुरु बिन ज्ञान मिले नहीं कैसे हो उद्धार
doha

गुरु बिन ज्ञान मिले नहीं कैसे हो उद्धार

गुरु बिन ज्ञान मिले नहीं कैसे हो उद्धार गुरु बिन ज्ञान मिले नहीं, कैसे हो उद्धार। मार्ग कठिन आध्यात्म का, होय सहज सब पार।।   गुरु की कर नित बन्दगी,मार्ग सुक्ष्म दरशाय। पकड़ डोर…

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गुरु बिन जीवन व्यर्थ है- मदन सिंह शेखावत ढोढसर
kundaliyan

गुरु बिन जीवन व्यर्थ है- मदन सिंह शेखावत ढोढसर

गुरु बिन जीवन व्यर्थ है ,गुरु  है देव समान। नित्य करे गुरु वन्दना,गुरु का कर नित मान। गुरु का कर नित मान,ज्ञान की राह दिखाये। देकर  मंत्र  कमाल , जगत …

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गुरु महिमा – मदन सिंह शेखावत ढोढसर
kundaliyan

गुरु महिमा – मदन सिंह शेखावत ढोढसर

कुण्डलिया गुरु बिन जीवन व्यर्थ है ,गुरु है देव समान।नित्य करे गुरु वन्दना,गुरु का कर नित मान।गुरु का कर नित मान,ज्ञान की राह दिखाये।देकर मंत्र कमाल , जगत से पार…

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दीया बन प्रकाश करे-मदन सिंह शेखावत ढोढसर

[26/10/2019, 08:19] Madan Singh: होडा होड म मर रिया,म्हारा भाई लोग। समझाया माने नही,फैला अणुतो रोग। फैला अणुतो रोग,होड म गोडा कुटीजे। किणकी करले होड,लैणो ले भात भरिजे। कवै मदन…

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फागुन-मदन सिंह शेखावत ढोढसर

दिनाँक 12/02/2020 फागुन विधा:- दोहा फागुन मास सुहावना, उड़ती रंग गुलाल। खेले अपनी मौज मे,कुछ भी नही मलाल।।1 फागुन आयो हे सखी, पिया बसे परदेश। कुछ भी अच्छा ना लगे,आये…

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नेक काम-मदन सिंह शेखावत ढोढसर

"कुण्डलिया" आये हो संसार मे, नेक काम कर जाय। विपदा आफत टाल कर,सब की करे सहाय। सब की करे सहाय,प्रभु ने लायक बनाया। मेहर उस की होय,खुशिया जी भर लुटाया।…

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गुरू-मदन सिंह शेखावत ढोढसर

"कुण्डलिया" गुरू कुम्हार एक से,घड़ घड़ काडे खोट। सुन्दर रचना के लिए,करे चोट पर चोट। करे चोट पर चोट,शिष्य को खूब तपाये। नेकी पाठ पढाय ,सत्य की राह बताये। कहै…

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ताका झांका-मदन सिंह शेखावत ढोढसर

कुंडलिया ताका झांका मत कर,निजता करे न भंग। खोटा पड़े स्वभाव जी,बिगड़े संग कुसंग। बिगड़े संग कुसंग,दशा जीवन की बिगड़े। अच्छा रखो स्वभाव,काम हो सब ही तगड़े। कहै मदन समझाय,…

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