KAVITA BAHAR
SHABDON KA SHRIGAR

बेचकर देखों मुझे जरा

बेचकर देखों मुझे जरा पूछने से पहले जवाब बना लिये।यार सवाल तो गजब़ बना लिये। किसी ने पूछा ही नहीं मैं जिंदा हूँ,मगर तुम हसीन ख्वाब बना लिये। और

बोल वंदे मातरम्

बोल वंदे मातरम् सांसों में गर सांसे है,और हृदय में प्राण है।अभिमान तेरा..है तिरंगा,और राष्ट्र..तेरी शान है।सिंह-सा दहाड़ तू…और बोल वंदेमातरम्…और बोल

हे युवा उठो चलो जागो

हे युवा उठो चलो जागो कितनी बातें लिखेंगे??कितनी…. ईमानदारी से।डीजिटल हुई भावनाएँ,इंटरनेट की पहरेदारी से। कुछ बंधक है कुछ ग्रस्त,कुछ तो.. फसे भारी