KAVITA BAHAR
SHABDON KA SHRIGAR

बापू जी- कविता

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बापू जी- कविता

बापू जी ओ बापू जी
बच्चों के प्यारे बापूजी।
सत्य,अहिंसा,परमो धर्म
राम पुजारी बापू जी।
मात्र एक लाठी के बूते
गोरों को हराया बापूजी।।

असहयोग आंदोलन के साथी
कर के सीखो,सिखलाया बापूजी।
देख दुखिया भारत की हालत
ना रह पाए थे बेचैन बापू जी।।

त्याग, टोपी सूट-बूट को
धोती पर आए बापू जी।
देके सांसे भारत को अपनी
दी मजबूती सबको बापूजी।।

देखो नव भारत की दशा
लो फिर से जन्म बापूजी।
बाँट रहा कौन भेद भाव मे
आकर समझाओ बापूजी।।

इंदुरानी, स.अध्यापक
जूनियर हाईस्कूल, हरियाना, जोया,अमरोहा,उत्तर प्रदेश,244222

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