KAVITA BAHAR
SHABDON KA SHRIGAR

हम सब की है पाठशाला

हमारी पाठशाला लोकेश कुमार भोई, सहायक शिक्षक, प्राथमिक शाला छिर्राबाहरा की पहली रचना है जिसे उन्होंने अपने स्कूल को समर्पित किया है.

0 115

हम सब की है पाठशाला

hamari pathshala
hamari pathshala

मेरी, तुम्हारी हम सब की है पाठशाला,
अच्छी, सुन्दर और न्यारी हमारी पाठशाला।

पहली, दूसरी और तीसरी है कक्षा,
चौथी-पांचवीं मिलाकर हमारी पाठशाला।

गाँव के अंतिम छोर पास में है नाला,
नाम है छिर्राबाहरा हमारी पाठशाला।

चारों तरफ बना हुआ है बड़े-बड़े आहाता,
अच्छी, सुन्दर और न्यारी हमारी पाठशाला।

भोई, दीवान और सिदार सर जी से पड़ता है पाला,
तीनों गुरुजी हमें सिखाते हमारी पाठशाला।

मेरी, तुम्हारी हम सब की है पाठशाला,
अच्छी, सुन्दर और न्यारी हमारी पाठशाला।

✍️ लोकेश कुमार भोई
सहायक शिक्षक
प्राथमिक शाला छिर्राबाहरा
विकास खण्ड बसना
जिला महासमुन्द (छ. ग.)

Leave A Reply

Your email address will not be published.