KAVITA BAHAR
SHABDON KA SHRIGAR

प्रशिक्षण लेना हे संगी छत्तीसगढ़ी कविता

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मोर ईस्कूल रहे सबले बढ़िया ।
यहां के लइका रहय सबले अगुआ ।
तेकर बर टाइम देना हे संगी।
प्रशिक्षण लेना हे संगी।
प्रशिक्षण में सीख थन खेल खेल म विज्ञान ।
प्रशिक्षण के बात हे दूसरा यह बात ला जान ।
रिकिम-रिकिम मॉडल में ध्यान देना हे संगी।
प्रशिक्षण लेना हे संगी।
लइका के हर बात के उत्तर फटाक ले देना हे।
प्रवचन कर ले अब काम नई बने।
कर के ही बताना हे।
तैंइहा के गोठ ल बैइंहा लेगे
मोबाइल के जमाना हे संगी ।
प्रशिक्षण लेना हे संगी ।
धन दौलत सकलई सबो ल मिलथे।
ज्ञान पाय के संजोग कभू कभार मिलथे।
परस के पैसा सिरा जाही
गियान आय ले नई जाए रे संगी ।
प्रशिक्षण लेना हे संगी ।
दु झन गुरु जी गोठियात रहे
प्रशिक्षण कर करके चुन्दी झर गे।
यहां के बात संगी इस्कूल जात ले काबर सरगे।
सीखना हे सिखाना हे
करके हामन ला दिखाना हे संगी ।
प्रशिक्षण लेना हे संगी ।
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