तन्नक सुपारी हमें दैयो

तन्नक सुपारी हमें दैयो तन्नक सुपारी हमें दैयो ओ मोरे लाल ,बढई भैया मित्र हमारे-(२)खेरे का डंडा मंगाय दैयो ओ मोरे लाल -(२)तन्नक सुपारी हमें … Read more

खुदीराम के नाम का गान /मनीभाई नवरत्न

खुदीराम बोस भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के एक महान क्रांतिकारी थे, जिन्होंने देश के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए। उनके साहस, बलिदान और देशप्रेम को … Read more

मोर गांव मोर मितान

मोर गांव मोर मितान जिसके रचनाकार अनिल जांगड़े जी हैं । कविता ने ग्रामीण परिवेश का बहुत सुंदर वर्णन किया है। आइए आनंद लें । … Read more

लोक गीत -उपमेंद्र सक्सेना

लोक गीत -उपमेंद्र सक्सेना जाकी लाठी भैंस बाइकी, बाकौ कौन नाय अबु जनि हैकमजोरन की लुगाइनन कौ,दइयर तौ भौजाई मनि है। ब्याहु पड़ौसी को होबन … Read more

होबै ब्याहु करौ तइयारी – उपमेंद्र सक्सेना

होबै ब्याहु करौ तइयारी चलिऔ संग हमारे तुमुअउ, गौंतर खूब मिलैगी भारीराम कली के बड़े लला को, होबै ब्याहु करौ तइयारी। माँगन भात गई मइके … Read more