मुक्तक वह काव्य है जिसमें प्रबन्धकीयता न हो। इसमें एक छन्द में कथित बात का दूसरे छन्द में कही गयी बात से कोई सम्बन्ध नहीं है. प्रत्येक छंद अपने आप में पूर्णत: स्वतंत्र और सम्पूर्ण अर्थ देने वाला होता है.

Muktak is a type of poetry. In this, the said matter in one verse does not have any relation on other verse. Muktak is a genre of poetry in which the story has no prior connection. Each stanza in itself is completely independent and gives full meaning.

हम तुम दोनों मिल जाएँ

हम तुम दोनों मिल जाएँ मुक्तक (१६मात्रिक) हम-तुमहम तुम मिल नव साज सजाएँ,आओ अपना देश बनाएँ।अधिकारों की होड़ छोड़ दें,कर्तव्यों की होड़ लगाएँ।हम तुम मिलें समाज सुधारें,रीत प्रीत के गीत…

0 Comments

मातृभूमि- कविता – मौलिक रचना – अनिल कुमार गुप्ता “अंजुम”

इस रचना में कवि एक वीर सैनिक की माँ की भावनाओं को व्यक्त कर रहा है जो अपनी माँ से कहकर गया था कि वो युद्ध जीतकर वापस लौटेगा किन्तु.......| मातृभूमि- कविता - मौलिक रचना - अनिल कुमार गुप्ता "अंजुम"

0 Comments
26 जनवरी गणतंत्र दिवस 26 January, Republic Day
26 जनवरी गणतंत्र दिवस 26 January, Republic Day

गणतंत्र दिवस पर तीन मुक्तक

गणतंत्र दिवस पर तीन मुक्तक *1. गणतंत्र दिवस*26 जनवरी 1950 को लागू हुआ गणतंत्र सुशासन दिलाने।तिरंगा प्रतीक बना देश की आन बान शान को बचाने।संविधान बना हमको सामाजिक,आर्थिक,राजनीतिक न्याय,समाजवादी स्वतंत्रता…

0 Comments
प्रेमी युगल
प्रेमी युगल

विवाह-एक पवित्र बंधन

विवाह-एक पवित्र बंधन विवाह एक संस्कृति व संस्कार है।विवाह बंधनों का मधुर व्यवहार है।दो पवित्र आत्माओं का होता मिलन।लुटाएँ एक दूजे पर असीम प्यार है।1।सात जन्मों का है ये प्यारा…

0 Comments
11 अक्टूबर अंतर्राष्ट्रीय बालिका दिवस 11 October - International Girl's Day
11 अक्टूबर अंतर्राष्ट्रीय बालिका दिवस 11 October - International Girl's Day

घर का संस्कार है बेटी

घर का संस्कार है बेटी घर आँगन की शान,अभिमान है होती।माँ बाप की जान पहचान होती है बेटी।अक्सर शादी के बाद पराए हो जाते हैं बेटे।दो कुलों की मान-सम्मान होती…

0 Comments
12 जनवरी राष्ट्रीय युवा दिवस 12 January National Youth Day
12 जनवरी राष्ट्रीय युवा दिवस 12 January National Youth Day

युवाओं के प्रेरणास्रोत- स्वामी विवेकानंद

युवाओं के प्रेरणास्रोत- स्वामी विवेकानंद दिव्य सोच साधना से अपनी,पावन ज्ञान का दीप जलाया।सोए लोगों की आत्मा को,स्वामी जी ने पहली बार जगाया।भगवा हिंदुत्व का संदेश सुनाकर,भारत को विश्वगुरु बनाया।तंद्रा…

0 Comments
hindi muktak || हिंदी मुक्तक
hindi muktak || हिंदी मुक्तक

ख्वाहिशें हमसे न पूछो-बाबू लाल शर्मा “बौहरा”

ख्वाहिशें हमसे न पूछो-बाबू लाल शर्मा "बौहरा" ख्वाहिशें हमसे न पूछो,ख्वाहिशों का जोर है,तान सीना जो अड़े है,वे बहुत कमजोर हैं।आज जो बनते फिरे वे ,शाह पक्के चोर हैं,ख्वाहिशें हमसे…

0 Comments
31 अक्टूबर राष्ट्रीय एकता दिवस 31 October National Unity Day
31 अक्टूबर राष्ट्रीय एकता दिवस 31 October National Unity Day

वतन है जान से प्यारा -बाबू लाल शर्मा,बौहरा, विज्ञ

वतन है जान से प्यारा -बाबूलाल शर्मा बौहरा विज्ञ सितारे साथ होते तो,बताओ क्या फिजां होती।सभी विपरीत ग्रह बैठे,मगर मय शान जिन्दा हूँ।गिराया आसमां से हूँ,जमीं ने बोझ झेला है।मिली…

0 Comments
hindi muktak || हिंदी मुक्तक
hindi muktak || हिंदी मुक्तक

समझ ले वर्षारानी

समझ ले वर्षारानी १३ मात्रिक मुक्तक. (वर्षा का मानवीकरण)बरस अब वर्षा रानी,बुलाऊँ घन दीवानी।हृदय की देखो पीड़ा,मान मन प्रीत रुहानी।हितैषी विरह निभानी,स्वप्न निभा महारानी।टाल मत प्रेम पत्रिका,याद कर प्रीत पुरानी।प्राण…

0 Comments