KAVITA BAHAR
SHABDON KA SHRIGAR

जब मैं जागूं ,तुझे पाऊं- मनीभाई नवरत्न

मनीभाई नवरत्न की प्रेम आधारित गीतों में से एक

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जब मैं जागूं ,तुझे पाऊं ।
सात सुरों के गीत सुनाऊं ।
तुझे रिझाऊं, तुझे मनाऊं ।
तुझे रिझाऊं, तुझे मनाऊं ।

हो तुमसे ही वास्ता …
तू जिंदगी बने तू ही दास्तां
तू जिंदगी बने तू ही दास्तां
तू जिंदगी बने तू ही दास्तां
तू जिंदगी बने तू ही दास्तां

मैंने ख्वाहिशें ,अपनी छोड़ दी
जीना मुझे, तेरे ख्वाहिशों में ।
मैंने बंदिशें , सारी तोड़ दी
रहना नहीं ,मुझे बंदिशों में ।
अब एक नजर है ,बस मेरा
तू मंज़िल बने , तू ही रास्ता।।

तू जिंदगी बने तू ही दास्तां
तू जिंदगी बने तू ही दास्तां
तू जिंदगी बने तू ही दास्तां
तू जिंदगी बने तू ही दास्तां
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