आया समय जवानो जागो भारतभूमि पुकारती।

प्रेरणा दायक कविता यह लोगों कि कार्वाई, इच्छाओं और ज़रूरतों के लिए कारणों का प्रतिनिधित्व करता है। प्रेरणा भी व्यवहार करने की दिशा के रूप मे परिभाषित किया जा सकता है। एक मकसद एक निश्चित तरीके से कार्य करने के लिए व्यक्ति को संकेत देता है या कम से कम विशिष्ट व्यवहार के लिए एक झुकाव विकसित करता है।

struggle

आया समय जवानो जागो, भारतभूमि पुकारती।

आया समय जवानो जागो, भारतभूमि पुकारती।
उठो शत्रु की सेना देखो, सीमा पर ललकारती ॥


बैरी भारत की धरती पर, करता कितनी मनमानी।
आज दिखा दो उन दुष्टों को, कितना है हममें पानी।

कैसे चुप बैठे हो भाई, जननी बाट निहारती…आया समय…..


मत भूलो राणा प्रताप को, औ झाँसी की महारानी।
मत भूलो शमशेर शिवा को, तात्या टोपे सेनानी।
बतला दो कैसे भारत की, सेना है हुंकारती…आया समय…..


शपथ तुम्हें है मातृभूमि की, अरिदल को जा संहारो।
निश्चय विजय तुम्हारी होगी, हिम्मत को तुम मत हारो।
वह तलवार उठाओ वीरो, रिपु का शीश उतारती॥ आया समय …

भगतसिंह, सुखदेव, राजगुरु, शेखर भी बलिदान हुए।
मातृभूमि की खातिर वे सब, अमर शहीद महान हुए।
भारत के जीवन की ताकत, दुश्मन का मद झारती…आया समय…


आओ सब मिल करें प्रतिज्ञा, माँ का कष्ट मिटायेंगे।
समय आ गया अब बढ़ने का, बोलो जय जय भारती। आया समय….

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top