श्राद्ध-पक्ष (पितृपक्ष अमावस्या पर दोहे)

श्राद्ध-पक्ष (पितृपक्ष अमावस्या पर दोहे)

श्राद्ध पक्ष में दें सभी, पुरखों को सम्मान।
वंदन पितरों का करें, उनका धर हम ध्यान।।

रीत सनातन श्राद्ध है, इस पर हो अभिमान।
श्रद्धा पूरित भाव रख, मानें सभी विधान।।

द्विज भोजन बलिवैश्व से, करें पितर संतुष्ट।
उनके आशीर्वाद से, होते हैं हम पुष्ट।।

पितर लोक में जो बसे, कर असीम उपकार।
बन कृतज्ञ उनका सदा, प्रकट करें आभार।।

मिलता हमें सदा रहे, पितरों का वरदान।
भरें रहे भंडार सब, हों हम आयुष्मान।।

बासुदेव अग्रवाल ‘नमन’
तिनसुकिया

01-09-20

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top