विश्व धरोहर दिवस पर कविता

विश्व धरोहर दिवस अथवा विश्व विरासत दिवस, (World Heritage Day) प्रतिवर्ष 18 अप्रैल को मनाया जाता है। इस दिवस को मनाने का मुख्य उद्देश्य यह भी है कि पूरे विश्व में मानव सभ्यता से जुड़े ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थलों के संरक्षण के प्रति जागरूकता लाई जा सके।

poem on world heritage day
poem on world heritage day

विश्व धरोहर दिवस पर कविता (18 अप्रैल)

प्रमुख धरोहर है हमारे,
पूर्वजों से जो पाए संस्कार।
इससे ही होता है निर्मित,
हम सबका ही व्यवहार।

संस्कारों के साथ संस्कृति,
यह भी महत्वपूर्ण है भाई।
आपके अपनों के बीच यह,
नहीं वह बनने देता खाई।

स्वतंत्रता जो मिली हमें है,
इसका बहुत ही मंहगा दाम।
सेनानियों के बलिदान का,
इतिहास में लिखा काम।

संस्कार, संस्कृति और स्वतंत्रता,
इनका अपना विशेष महत्व है।
बड़े जतन से इसे संभालें,
सुख – संतोष के ये प्रमुख तत्व है

महेन्द्र कुमार गुदवारे,बैतूल

इस रचना को शेयर करें

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top