मिट्टी से प्यार करो अनुच्छेद370 – केतन साहू खेतिहर
हिंदी कवितामिट्टी से प्यार करो अनुच्छेद370 देखो जरा उन चेहरों को जो,दुश्मन की बोली बोल रहे हैं…अलगाव-वाद फैलाने वाले,*क्यूँ जहर फिजा में घोल रहे हैं.. जब देश समूचा झूम रहा है,फिर ये क्यूँ बौखलाए हुए हैं…भोली जनता को डसने वाले,*वे फन अपना फैलाए हुए हैं.. एक देश और एक ही झंडा,लहराएगें हर जगह तिरंगा…जो अमन चैन […]
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