*किसान पर कविता

23 दिसम्बर किसान दिवस 23 December Farmer's Day

मैं किसान बन जाऊंगा – संतराम सलाम

मैं किसान बन जाऊंगा – संतराम सलाम मां मुझे एक गमछा दे दे,सिर पर पगड़ी बंधवाउंगा।हल कंधे पर हाथ में लाठी,मैं किसान बन जाऊंगा।। छोटा – छोटा हाथ है मेरा,छोटे छोटे बैल जूतवाउंगा।ऊंचा- नीचा खेत है मेरा,खोदा के समतल करवाऊंगा।। दाना-दाना बीज छिड़कर,धान थरहा मैं ड़लवाउंगा।दवा-खाद और पानी डाल के,अच्छी उपज बढाउंगा।। पीला धान के …

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23 दिसम्बर किसान दिवस 23 December Farmer's Day

अन्नदाता -महेन्द्र कुमार गुदवारे

अन्नदाता -महेन्द्र कुमार गुदवारे हे प्रभु,आनन्ददाता,कैसी ये तेरी शान।हो रहा तेरी धरती,हमारा अन्नदाता परेशान।थोड़ा बहुत बरसाया पानी। बिगड़ गई अब,उसकी कहानी।सतत वर्षा, अब होने देना।हिम्मत न उसको खोने देना।अब न तरसाना भगवान।हाथ जोड़कर,है विनती हमारी, अब बचा लेना, सबकी शान। ~~~~~~~~~~~~~महेन्द्र कुमार गुदवारे बैतूल

23 दिसम्बर किसान दिवस 23 December Farmer's Day

किसान की दशा पर कविता

किसान की दशा पर कविता देख तोर किसान के हालका होगे भगवान !कि मुड़ धर रोवए किसान,ये का दुख दे भगवान !! पर के जिनगी बड़ सवारें,अपन नई थोरको फिकर जी !बजर दुख उठाये तन म,लोहा बरोबर जिगर जी !!पंगपंगावत बेरा उठ जाथे ,तभे होथे सोनहा बिहान !कि मुड़ धर रोवए किसान !! झुमत -गावत …

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