क्या यही है “आस्था – शशि मित्तल “अमर”

आस्था धूम मची है,जय माता की… मंदिरों, पंडालों में, लगी है भीड़ भक्तों की.. क्या यही है “आस्था “? मन सशंकित है मेरा, वृद्धाश्रम में … Read more

मैं हिंदुस्तान हूं – शशि मित्तल “अमर”

मैं हिंदुस्तान हूं – शशि मित्तल “अमर” लहर-लहर लहराए तिरंगाबीच अशोक चक्र महान हूंहां मैं हिंदुस्तान हूं……….. तीन रंगों से सजा तिरंगाश्वेत,हरा,केसरिया की शान हूंहां … Read more