खुश में माँ दुख में माँ

मातृपितृ पूजा दिवस भारत देश त्योहारों का देश है भारत में गणेश उत्सव, होली, दिवाली, दशहरा, जन्माष्टमी, नवदुर्गा त्योहार मनाये जाते हैं। कुछ वर्षों पूर्व मातृ पितृ पूजा दिवस प्रकाश में आया। आज यह 14 फरवरी को देश विदेश में मनाया जाता है। छत्तीसगढ़ में रमन सरकार द्वारा प्रदेश भर में आधिकारिक रूप से मनाया जाता है।

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माँ पर कविता

खुश में माँ दुख में माँ

खुशियों का वरदान है माँ
चमकती हुई सितारा है माँ
बिना कहे सबकुछ समझती है माँ
बिना कहे आंखों से सब पढ लेती है माँ ।
मेरी माँ…प्यारी माँ…
खुशी में माँ….दुख में माँ…


जीवन जीने की रास्ता दिखाती है माँ
मेरी पूरी की पूरी दुनिया है माँ
मेरे लिए खाना बनाकर खिलाती है माँ
मेरे लिए अपने हाथों को चूल्हे में जलाती है माँ।
मेरी माँ…. प्यारी माँ…
खुशी में माँ …दुख में माँ…


सबकुछ मिलता है दुनिया में
मगर…..
मां-बाप कभी नहीं मिलते…
याद रखना जरा….
कभी कम नहीं होता मां का प्यार
मेरी माँ…. प्यारी माँ….
खुशी में माँ…दुख में माँ….


जिन्दगी की पहली शिक्षक है माँ
जिन्दगी की पहली दोस्त है माँ
जिन्दगी में साथ देने वाली भी माँ
जन्नत से भी खूबसूरत है माँ।
मेरी माँ…. प्यारी माँ….
खुशी में माँ….दुख में माँ…


ममता और आशीर्वादों का सागर है माँ
घर को आलोकित सुन्दर निष्कंप दीपक है माँ
धरती पर ईश्वर का अवतार है माँ
सिर्फ माँ नहीं मेरी भगवान है माँ
मेरी माँ… प्यारी माँ….
खुशी में माँ…दुख में माँ….

बहार
बहार
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