श्रीराम पर कविता – बाबूराम सिंह
कविता भक्त वत्सल भगवान श्रीराम —————————————– सूर्यवंशी सूर्यकेअवलोकि सुचरित्र -चित्र,तन – मन रोमांच हो अश्रु बही जात है।सुखद- सलोना शुभ सदगुण दाता प्रभु ,नाम लेत सदा भक्त बस में हो जातहैं। नाम सीताराम सुखधाम पतित -पावन ,पाप-ताप आपो आप पलमें जरि जात है ।पामर ,पतित अरू पातकी अघोर हेतु ,सेतु बनी तार बैकुण्ठ को ले … Read more