विश्वास की परिभाषा – वर्षा जैन “प्रखर”
हिंदी कविताविश्वास की परिभाषा विश्वास एक पिता का कन्यादान करे पिता, दे हाथों में हाथयह विश्वास रहे सदा,सुखी मेरी संतान। योग्य वर सुंदर घर द्वार, महके घर संसारबना रहे विश्वास सदा, जग वालों लो जान। विश्वास एक बच्चे का पिता की बाहों में खेलता, वह निर्बाध निश्चिंतउसे गिरने नहीं देंगे वह, यह उसे स्मृत। पिता के प्रति बंधी […]
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