चलो,चले मिलके चले – रीतु प्रज्ञा

विषय-चलों,चले मिलके चलेविधा-अतुकांत कविता *चलो,चले मिलके चले* ताली एक हाथ सेनहीं बजती कभीचलने के लिए भीहोती दोनों पैरों की जरूरतफिर तन्हा रौब से न चले,चलो,चले मिलके चले।शक्ति है साथ मेंनहीं विखंड कर सकता कोईकरता रहता जागृत सोए आत्मा कोहरता प्रतिपलउदासीपन, असहनीय दर्द कोछोड़ साथियों को यारान पथ पर बढ़ चलेचलो, चले मिलके चलेहोती है विजयक … Read more

नशा नर्क का द्वार है – बाबूराम सिंह

हिंदी कविता – नशा नर्क का द्वार है मानव आहार के विरूध्द मांसाहार सुरा,बिडी़ ,सिगरेट, सुर्ती नशा सब बेकार है।नहीं प्राणवान है महान मानव योनि में वो,जिसको लोभ ,काम,कृपणता से प्यार है। अवगुण का खान इन्सान बने नाहक में,बिडी़, सुर्ती,सुरा नशा जिसका आहार है।सर्व प्रगति का गति अवरोध करे,ऐसा जहर बिडी़ , सुर्ति मांसाहार है। … Read more

प्रात: वन्दन – हरीश बिष्ट

जन-जन  की रक्षा है  करती |भक्तजनों  के दुख भी हरती ||ऊँचे   पर्वत   माँ   का   डेरा |माँ   करती   है  वहीं  बसेरा || भक्त   पुकारे   दौड़ी   आती |दुष्टजनों   को   धूल  चटाती ||भक्तों   की करती  रखवाली |जगजननी  माँ  खप्परवाली || भक्त सभी जयकार लगाते |चरणों में नित शीश नवाते ||मनोकामना    पूरी   करती |खुशियों से माँ झोली भरती || … Read more

जय जय हनुमान पर कविता हिंदी में – बाबूराम सिंह

जय जय हनुमान पर कविता जय भक्त शिरोमणि शरणागत जय हो कृपानिधान।जयबजरंगी रामदूत जय पवनपुत्र जय जय हनुमान।। जय आनंद कंदन केशरी नंदन जग वंदन शुभकारी।जय मद खलगंजन असुरनिकंदन भवभंजन भयहारी।जय जयजनपालक द्रुतगतिचालक सुचिमय फलहारी।जय श्रीहरि धावन प्रभु गुणगावन पावन प्रेम पुजारी। जय अंजनी लाला शुभ योग निराला जय महिमान।जय बजरंगी रामदूत जय पवनपुत्र जय-जय … Read more

साक्षरता अभियान – बाबूराम सिंह

विश्व साक्षरता दिवस की हार्दिक मंगल शुभ कामनायें साक्षरता अभियान —————————–साक्षरता अभियान चलायें,घर-घर अलख जगायें। जन-जन साक्षर भव्य बनायें,ज्ञान ज्योति फैलायें। बिना विद्या नर बैल समाना ,कहता है जग सारा।मिटे नहीं विद्या बिन कभीभी,मानव मनअँधियारा।तम अंधकार तिमिर सभी मिल,आओ दूर भगायें।साक्षरता अभियान चलायें ,घर-घर अलख जगायें। विद्या धन ऐसा है जगत में,बाँट न सकता कोई।बिन … Read more