मुक्ति संघर्ष-आशीष कुमार (कविता)

प्रस्तुत हिंदी कविता का शीर्षक "मुक्ति संघर्ष है" जोकि 'आशीष कुमार' मोहनिया, कैमूर, बिहार की रचना है. इसे स्वतंत्रता को आधार मानकर रचा गया है

शुभ संध्या नभ तले (संध्या-वन्दन)

प्रस्तुत संध्या-वन्दन राजेश पाण्डेय वत्स छत्तीसगढ़ द्वारा रचित है. शुभ संध्या नभ तले (संध्या-वन्दन) प्रातःकालीन दृश्य दिन रात संधिकाल, शुभ लग्न संध्या हाल,तारागण झाँक पड़े,पल सुखदाई में! नीड़ दिशा उड़ी…

कन्या पूजन या भ्रूणहत्या -राकेश सक्सेना

प्रस्तुत कविता का शीर्षक - "कन्या - पूजन या भ्रूण हत्या" समाज के उन लोगों से सवाल है जो एक तरफ तो देवी स्वरूपा कन्या का पूजन करते हैं वहीं अपने परिवार में बेटी होने का दुःख मनाते हैं। इसी विषय वस्तु को आधार मानकर रची गई है।